सिरमौर जिला के कालाअम्ब पुलिस थाना में तैनात लापता हैड कांस्टेबल जसवीर सैनी के मामले में स्टेट सीआईडी क्राइम डीआईजी डीके चौधरी ने कहा कि जिला पुलिस व CID ने हरियाणा के नारायणगढ़ के समीप गुजरा क्षेत्र से जवान को सही सलामत बरामद कर लिया है। डीआईजी ने कहा कि आज की तारीख में कोई भी व्यक्ति ज्यादा देर फोन से दूर नहीं रह सकता है, जबकि हैड कांस्टेबल पहले से ही अपना फोन गाड़ी में छोड़कर गया था। फिर भी ऐसा लग रहा था कि 3 से4 घंटे से ज्यादा कोई भी व्यक्ति फोन से दूर नहीं रह सकता।
इसी बीच शुक्रवार शाम को डीएसपी को एक फोन कॉल आई कि लापता हैड कांस्टेबल जसवीर सैनी नारायणगढ़ के समीप एक ट्यूबवैल पर है। इसके बाद डीएसपी की अगुवाई में टीम नारायणगढ़ के समीप गुजरा क्षेत्र में पहुंची, जहां हैड कांस्टेबल ट्यूबवैल पर लेटा हुआ था। यहां से टीम ने उसे सुरक्षित बरामद कर लिया। डीआईजी ने बताया कि हैड कांस्टेबल की बरामदगी के बाद परिजनों को भी सूचित कर बुलाया लिया गया था, लेकिन जब मेडिकल के लिए हैड कांस्टेबल को लेकर गए तो उसकी तबीयत थोड़ी ठीक नहीं थी, जिसके चलते उसे नाहन मेडिकल कॉलेज में भर्ती करवाया गया है, जो अब पूरी तरह से स्वस्थ है।
फिलहाल हैड कांस्टेबल की डिटेल स्टेटमैंट लेना अभी बाकी है, जिसके बाद आगामी जानकारी सांझा की जाएगी। उसने जो वीडियो डाला है उसकी भी जांच होगी। और इनको जिस मामले में जांच अधिकारी बनाया था इस केस के बारे में भी जांच होगी। अब पुलिस का जवान सुरक्षित है तो एसपी ने भी राहत की सांस ली है।
गौरतलब है कि पुलिस एक्ट में इस तरह के वीडियो सार्वजनिक करना और अपने ही विभाग की छवि को खराब करना है। इसलिए कार्यवाही होती है। और पुलिस जवान के वीडियो के अनुसार किसी को मानसिक तौर पर परेशान करने पर आईपीसी की धारा 304बी लगती है। अब सवाल ये उठता है कि इस वीडियो के सामने आने के बाद हेड कांस्टेबल पर कई आरोप लग रहे है अगर ऐसा था तो एसपी ने इसकी जांच किसी ओर को क्यूं नही दी और हेड कांस्टेबल को लाइन हाजिर क्यूं नही किया। अब आरोप लगाए जा रहे हैं। जब वीडियो सामने आया। अब तो पुलिस विभाग में ही दोनों की सर्विस है। अब जांच पर जांच ही होने की संभावना ज्यादा है। ये भी हो सकता है कि तबादला करके मामले को ठंडे बस्ते में डाल दिया जाए। क्योंकि इस मामले में पुलिस की पहले ही बहुत किरकिरी हो चुकी है। Constable Sp,cid भी पुलिस विभाग से होते है। अब देखना है आगे क्या होता है। आम आदमी होता तो अब तक दोनो पक्षों को थाने में बुला लिया होता और FIR भी कब की हो जाती।

