हिमाचल प्रदेश सरकार का एक और कारनामा सामने आया गई। व्यवस्था परिवर्तन की बात करने वाली सुक्खू सरकार में हिमाचल प्रदेश पुलिस विभाग के आला अधिकारियों का कमाल भी सामने आया गई। पिछले 10 महीने से प्रमोशन का इंतजार कर रहे 113 ASI, SI और इंस्पेक्टर की कल शाम को “प्रमोशन” कर दी। और रात होते होते सरकार ने रद्द कर दी।
हैरानी की बात ये है कि लिस्ट जारी हो चुकी थी। और अधिकारी खुश थे। जिनका प्रमोशन हो गया था वह भी खुशी खुशी मिठाई बांट रहे थे। और बधाइयां ले रहे थे और सेवानिवृति के कगार पर पहुंचे कर्मी उत्साहित भी थे। कि रिटायरमेंट के आखरी समय में प्रमोशन हो रहा है।
लेकिन आधी रात को प्रमोशन आदेश “रद्द” हो गए। अब कर्मी पूछ रहे हैं कि उनका क्या कसूर। आखिर उन्हें किस बात की सजा दी जा रही है। जबकि अक्टूबर 2022 को इन सबकी DPC हो चुकी थी तो फिर प्रमोशन देने में इतनी आनाकानी क्यों कर रहे हैं।
मिली जानकारी के अनुसार आधी रात को डीजीपी के आदेशों पर ही इन प्रमोशन आदेशों को रद्द किया गया है जबकि पत्र पर किसी के हस्ताक्षर नहीं हैं। अब सवाल ये उठता है कि यदि प्रमोशन रोकनी ही थी तो फिर आदेश जारी किए ही क्यों थे। इसके अलावा कई एसआई एएसआई और इंस्पेक्टर ऐसे हैं जो रिटायरमेंट के नजदीक हैं इसलिए सरकार ने उनके सपनों पर भी पानी फेर दिया है जबकि प्रदेश सरकार में इस तरह के पद रिक्त पड़े हैं। इसलिए अब प्रमोशन का इंतजार कर रहे अधिकारी इस सुख की सरकार को दुख की सरकार कहने लगे हैं।

