पांवटा साहिब: (श्यामलाल पुंडीर) पूर्व ऊर्जा मंत्री सुखराम चौधरी का आज जन्मदिन है। सुखराम चौधरी का जन्म पुरुवाला काशीपुर गांव में 15 अप्रैल 1964 को हुआ। स्कूल की पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने आईटीआई की। विद्युत विभाग में बतौर जेई काम करना शुरू किया। आरएसएस की शाखाओ में भी जाते रहे है। राष्ट्रभक्ति की भावना से ओत प्रोत सुखराम रात दिन जनता सेवा को समर्पित है। इनकी सादगी के लोग कायल हैं। पिछली बीजेपी सरकार में उनको ऊर्जा मंत्री का दायित्व वैसे ही नहीं मिला है।
यहां तक पहुंचने के लिए इन्होंने कठिन तपस्या की है। तभी पांवटा साहिब से 4 बार विधायक बन चुके है। एक वक्त ऐसा था जब सिरमौर की पांचो सीटो पर कांग्रेस का एकछत्र साम्राज्य था। लेकिन अपनी कुशल रणनीति से कांग्रेस के किले को भेदने के लिए रात-दिन एक किया।
इनका राजनीतिक सफर वर्ष 1993 में इस विधानसभा सीट से पूर्व विधायक फतेह सिंह की हार के बाद शुरू हुआ।
उनको वर्ष 1998 में भाजपा की ओर से सुखराम चौधरी को उम्मीदवार बनाया गया। उस वक्त ये सरदार रतन सिंह से हार गए। फिर भी इन्होंने पीछ मुड़कर नहीं देखा। और आखिरकार वर्ष 2002 में उनको पहली बार पांवटा की जनता से जीताकर भेजा। इसके बाद 2007 में फिर से चुनाव जीते और उनको सीपीएस बनाया गया।
2012 में हार गए थे लेकिन इन्होंने फिर भी हार नही मानी और हारने के बाद भी जनता से संपर्क नहीं तोड़ा। और 2017 में भारी मतों से जीत दर्ज की। और ऊर्जा मंत्री बने। इसके बाद 2022 में फिर जीते। अब प्रदेश में कांग्रेस की सरकार है। और इनको शिमला नगर निगम का चुनाव प्रभारी बनाया गया है।
पांवटा साहिब में जब भी कार्यकर्ताओ ने बुलाया पहुंचे। कोई अस्पताल में बिमार हो, कोई घर में बिमार हो, उनके लिए रात को चल देते है। यहां तक जो जेब में पैसे होते है। गरीबो को देते है। वह अपना ज्यादातर वेतन भी गरीबो के कल्याण पर खर्च कर देते हैं।

