हिमाचल प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी ने कांग्रेस के 6 बागी विधायकों को बीजेपी में शामिल कर टिकट दिया। इसके बाद भाजपा में शामिल हुए 3 निर्दलीय विधायक को भी टिकट देने की तैयारी है।
अब हालात ऐसे बन गए हैं कि सभी 9 विधानसभा क्षेत्र में पहले कांग्रेस में शोले भड़के थे। अब भारतीय जनता पार्टी में बगावत की चिंगारी सुलग गई है। अब आगे कुछ दिनों तक आया राम गया राम का सिलसिला भी जारी रहने वाला है।
कहां कहां बगावत
1 लाहौल स्पीति में भारतीय जनता पार्टी के पूर्व मंत्री रामलाल मारकंडे ने रवि ठाकुर को टिकट देने पर चुनाव मैदान में उतारने का फैसला किया है।
2 कुटलेहड़ में पूर्व मंत्री वीरेंद्र कंवर भी देवेंद्र भुट्टो को टिकट देने पर नाराज है और वह भी कुछ फैसला ले सकते हैं।
3 धर्मशाला में सुधीर शर्मा को भारतीय जनता पार्टी का टिकट देने पर भारतीय जनता पार्टी के नेता राकेश चौधरी और पूर्व विधायक विशाल नेहरिया भी नाराज है।
4 ऊना जिले के गगरेट में चैतन्य शर्मा को टिकट देने पर राकेश कालिया पार्टी छोड़ चुके हैं यहां से भाजपा के पूर्व विधायक बलबीर चौधरी का भी राजनीतिक कैरियर दांव लग गया है।
5 देहरा सीट से आजाद विधायक होशियार सिंह के भारतीय जनता पार्टी में आने से पूर्व मंत्री रमेश धवाला नाराज है।
6 नालागढ़ में आजाद केएल ठाकुर के भाजपा में आने से लखविंदर सिंह राणा ने बगावती तेवर शुरू कर दिए हैं।
7 हमीरपुर जिले के सुजानपुर से राजेंद्र राणा के भारतीय जनता पार्टी में आने से पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल के समर्थक नाराज हैं।
8 बड़सर सीट पर इंद्र दत्त लखनपाल के भाजपा में शामिल होने से बलदेव शर्मा और माया शर्मा का राजनीतिक कैरियर दांव पर लग चुका है।
9 हमीरपुर से आजाद आशीष शर्मा के भाजपा में आने से भारतीय जनता पार्टी के दूसरे नेताओं का भविष्य दांव पर लग चुका है।

