पांवटा साहिब: (श्यामलाल पुंडीर) ठीक एक साल पहले MLA बनने के सपने लेकर बीजेपी और कांग्रेस पार्टी को अलविदा करके चुनाव मैदान में उतरे नेता आजकल क्या कर रहे है। चुनाव हारने के बाद अब कुछ नेता वापसी की राह भी देख रहे है। कई नेता शिमला से लेकर दिल्ली तक चक्कर काट चुके हैं लेकिन 1 साल बाद भी वापसी नहीं हो रही है। कुछ वापसी का तिकड़म भिड़ा रहे है। तो कोई निष्क्रिय हैं।।
पांवटा साहिब की बात करें तो भारतीय जनता पार्टी से तीन नेता मनीष तोमर रोशन लाल शास्त्री और सुनील चौधरी बीजेपी से बागी होकर चुनाव मैदान में उतर चुके थे इसके अलावा उनके समर्थक मदन शर्मा भी अब पार्टी की वापसी की राह देख रहे हैं। हालाकि मनीष तोमर इलाके में सक्रिय है। संपर्क मार्गों पर ध्यान दे रहे हैं।मनीष तोमर डोंडली गोजर से नावडी केरका रोड से लोगो को सुविधा के लिए आगे आए है।
इसके अलावा कांग्रेस छोड़कर आम आदमी का दामन थामने वाले मनीष ठाकुर भी वापसी की राह देख रहे हैं पांवटा की जनता को भगवान भरोसे छोड़कर गायब है। इनकी आंखे भी वापसी के इंतजार में पथरा रही हैं लेकिन अभी पार्टी कोई इशारा नहीं कर रही है।
वहीं दूसरी और कांग्रेस छोड़कर आम आदमी पार्टी का दामन थामने वाले अनिंद्र सिंह नॉटी आम आदमी पार्टी को भी छोड़ चुके हैं यह भी कांग्रेस में वापसी की राह देख रहे हैं कई नेता कल सुखविंदर सिंह के स्वागत में भी आए थे। सरदार हरप्रीत सिंह चुनाव के दौरान ही भारतीय जनता पार्टी का दामन थाम चुके थे। इसके अलावा कई नेता चुनाव मैदान में उतरे थे लेकिन अब जनता के बीच सक्रिय नहीं है।
जाहिर है भाजपा और कांग्रेस के पार्टी का शीर्ष नेतृत्व मंथन कर रहा है कि लोकसभा चुनाव से पहले क्या वापसी होगी यह तो समय ही बताएगा।

