डीजीपी हिमाचल प्रदेश द्वारा जिला सिरमौर की विशेष अन्वेषण शाखा को भंग करने के कारण आम जनता में रोज है। और इस शाखा को फिर से गठित करने की मांग हर जगह से उठ रही है।
पांवटा साहिब में शराब कारोबारी अतुल अग्रवाल ने कहा कि मुख्य अन्वेषण टीम को सुचारू रूप से चलने दिया जाए और पावटा साहिब में शराब तस्करी को रोकने के लिए एक अलग से टीम का गठन किया जाए। क्योंकि जिला सिरमौर का पावंटा साहिब नशा तस्करों के लिए एक बहुत ही संवेदनशील क्षेत्र है, पावटा साहब जिला सिरमौर की सीमाएं हरियाणा, उत्तराखंड और यूपी के सीमांत क्षेत्र से लगता है और नशा तस्कर यहां पर बड़ी मात्रा में अवैध शराब और अन्य नशों की तस्करी करते हैं।
एसआईयू ने जिला सिरमौर में शराब और नशा तस्करों पर शिकंजा कसा है। जिस कारण तस्करों में डर का माहौल उत्पन्न हो गया था। जितना अधिक काम नशा तस्करों के खिलाफ इस टीम द्वारा किया गया है पहले कभी नहीं हुआ और न ही इस तरीके से कार्यवाही नशा तस्करों के खिलाफ हो पाई। लेकिन डीजीपी द्वारा इस विशेष टीम को भंग करने से जहां एक तरफ नशा तस्करों के हौसले बढ़ गए हैं वही व्यापारी भी परेशान हैं।

