Breaking
Tue. Jan 13th, 2026

पांवटा में कांग्रेस और बीजेपी के भगोड़े , अब कांग्रेस में आने की फिराक में, सीएम सुक्खू से भी कर चुके हैं गुपचुप मुलाकात

पांवटा में कांग्रेस और बीजेपी के भगोड़े , अब कांग्रेस में आने की फिराक में, सीएम सुक्खू से भी कर चुके हैं गुपचुप मुलाकात

जिला सिरमौर के पांवटा साहिब विधानसभा क्षेत्र में कांग्रेस पार्टी छोड़कर दूसरे दल का दामन थाम कर चुनाव लड़कर बुरी तरह हार चुके नेता और चुनाव नहीं लड़ने वाले नेता के अलावा दोनों दलों के भगोड़े अब पांवटा कांग्रेस में वापसी की फिराक में है। इसके अलावा भारतीय जनता पार्टी के कुछ नेता भी कांग्रेस पार्टी में जाने की फिराक में है यह नेता गुपचुप तरीके से प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू से मुलाकात भी कर चुके हैं।

लेकिन इस वक्त प्रदेश में कांग्रेस की अध्यक्ष प्रतिभा सिंह है इसलिए इनकी वापसी में अभी तय नहीं है। लेकिन यह भगोड़े नेता पांवटा कांग्रेस में आना चाहते हैं ताकि 2027 में कांग्रेस के टिकट के लिए फिर घमासान मचा सके। इनकी यह उम्मीद पूरी होती है या नहीं यह तो वक्त ही बताएगा।

प्रदेश के पूर्व ऊर्जा मंत्री सुखराम चौधरी पांवटा साहिब से भारी मतों से जीत चुके हैं इसलिए भारतीय जनता पार्टी में वापसी के कम चांस है। इसलिए कांग्रेस के भीतर जो वैक्यूम पैदा हुआ है। उसका फायदा उठाकर यह वापसी चाह रहे हैं।

लेकिन चौधरी किरनेश जंग बेशक चुनाव हार चुके हैं लेकिन इनकी पहुंच मुख्यमंत्री सुखविंदर के साथ साथ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रतिभा सिंह के भी नजदीकी भी है। इसलिए अभी कांग्रेस में आने के लिए इंतजार करना पड़ेगा।

और जनता भी जानती है कि कांग्रेस छोड़कर कौन-कौन लोग अन्य दल में गए थे और कौन लोग आम आदमी पार्टी में शामिल हुए। और किन लोगों ने किरनेश जंग को हराने के लिए काम किया था। और चुनाव लड़े थे। अब भविष्य में पांवटा की राजनीति किस तरफ जाएगी यह तो आने वाला वक्त ही बताएगा लेकिन फिलहाल किरनेश जंग चौधरी के पास कांग्रेस की सरकार बनने के बाद अधिकारी और कर्मचारी दस्तक दे रहे हैं।
और‌ अभी अधिकारी भी जंग के पूछे बिना काम नहीं कर रहे है। अभी प्रदेश में विधायक हषर्वर्धन चौहान को मंत्री पद मिलना है। अब देखना है कि वह पांवटा साहिब विधानसभा क्षेत्र में कितना हस्तक्षेप करते हैं। लेकिन अगर उन्होंने ज्यादा हस्तक्षेप किया तो यह आने वाले समय में उनको भारी पड़ेगा।

गौरतलब है कि कांग्रेस के युवा नेता हरप्रीत सिंह भारतीय जनता पार्टी में जा चुके हैं। मनीष ठाकुर आम आदमी पार्टी का दामन थाम कर अपनी जमानत जब्त करा चुके हैं और कई नेता बिना चुनाव लड़े ही हथियार डाल चुके थे और इस बार 7 उम्मीदवार जो चुनाव लड़े थे उनकी जमानत जप्त हो चुकी है। इस बार मुकाबला सुखराम चौधरी और किरनेश जंग के बीच ही हुआ था।

क्योंकि नहान से चुनाव जीते अजय सोलंकी और रेणुका से चुनाव जीते विनय कुमार भी अपने विधानसभा क्षेत्र में हस्तक्षेप नहीं चाहेंगे। मंत्रीमडल बनने के बाद ही वास्तविकता सामने आएगी। और जनता को पता चल जाएगा।

Related Post